Rewari News | बिहारीपुर का श्मशान घाट बना नशे का अड्डा : ग्रामीणों में चिंता | पुलिस गश्त और कार्रवाई की मांग

जिले के बिहारीपुर गांव से श्मशान घाट में कथित तौर पर नशे के सेवन को लेकर चिंताजनक मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के कुछ युवा और नाबालिग बच्चे श्मशान घाट परिसर की एकांत जगह का फायदा उठाकर वहां बैठते हैं और नशे का सेवन करते हैं। ग्रामीणों के अनुसार, इस स्थिति से गांव में चिंता का माहौल है।
ग्रामीणों का कहना है कि जिस श्मशान घाट को शांत और पवित्र स्थान माना जाता है, वहां युवाओं और कम उम्र के बच्चों का इस तरह जुटना गंभीर चिंता का विषय है। ग्रामीणों के मुताबिक, कई बार युवाओं को समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ।
ग्रामीणों के आरोपों के अनुसार, श्मशान घाट परिसर में कुछ लोग सिगरेट, बीड़ी और शराब समेत अन्य नशीले पदार्थों का सेवन करते हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीण चाहते हैं कि पुलिस मामले की जांच करे और यदि नशीले पदार्थों की बिक्री या सेवन की पुष्टि होती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
ग्रामीणों के मुताबिक, कम उम्र के बच्चों का नशे की ओर बढ़ना सबसे बड़ी चिंता है। उनका कहना है कि यदि समय रहते ऐसे बच्चों और युवाओं की पहचान कर उन्हें समझाया तथा उचित मार्गदर्शन दिया जाए तो उन्हें नशे की गिरफ्त में जाने से रोका जा सकता है।
ग्रामीणों ने श्मशान घाट और आसपास के क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि शाम के समय क्षेत्र में पुलिस की मौजूदगी बढ़ने से असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सकता है और महिलाओं तथा बुजुर्गों में सुरक्षा की भावना मजबूत होगी।
ग्रामीणों ने नशीले पदार्थ बेचने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि केवल नशा करने वालों को पकड़ने के बजाय उन लोगों तक भी पहुंचना जरूरी है, जो युवाओं को नशीले पदार्थ उपलब्ध करा रहे हैं।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि बच्चों और युवाओं को केवल कार्रवाई के जरिए नहीं, बल्कि जागरूकता, परिवार के सहयोग और उचित परामर्श के माध्यम से भी नशे से दूर करने की जरूरत है। इसके लिए प्रशासन और संबंधित विभागों की ओर से जागरूकता अभियान चलाने की मांग की गई है।
अब ग्रामीणों की नजर पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई पर है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि मामले की जांच कर श्मशान घाट परिसर में किसी भी तरह की नशे या असामाजिक गतिविधि पर रोक लगाने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।
Editor: शिवानी राजपूत



