Yamunanagar News | शोध प्रस्ताव लेखन की बारीकियों से रूबरू हुईं छात्राएं : फंडिंग एजेंसियों की दी जानकारी | ग्रांट प्रपोजल बनाना सीखा

डीएवी गर्ल्स कॉलेज के इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल और रिसर्च एंड डेवलपमेंट सेल के संयुक्त तत्वावधान में फंडिंग एजेंसियों के लिए शोध प्रस्ताव लेखन एवं प्रस्तुति विषय पर एक्सटेंशन लेक्चर आयोजित किया गया। इसमें इनोवेशन एंबेसडर डॉ. अर्चना और डॉ. अमीषा खटकर मुख्य वक्ता रहीं। रिसर्च एंड डेवलपमेंट सेल की कोऑर्डिनेटर डॉ. सुनीता कौशिक और आईआईसी कन्वीनर विवेक ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की।
डॉ. अर्चना ने छात्राओं को बताया कि प्रभावी शोध प्रस्ताव तैयार करने के लिए शोध समस्या का स्पष्ट और तार्किक चयन जरूरी है। इसके साथ शोध के उद्देश्य, शोध पद्धति, नमूना चयन तथा आंकड़ों के संकलन और विश्लेषण की प्रक्रिया को सही तरीके से निर्धारित किया जाना चाहिए। उन्होंने विभिन्न उदाहरणों के माध्यम से शोध समस्या के निर्धारण और सांख्यिकीय आंकड़ों के विश्लेषण की जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि मजबूत शोध प्रस्ताव में शोध की नवीनता, उपयोगिता और उससे मिलने वाले संभावित परिणाम स्पष्ट होने चाहिए। विद्यार्थियों को ऐसे विषयों का चयन करना चाहिए, जिनका समाज और देश की समस्याओं के समाधान में उपयोग हो सके।
डॉ. अमीषा खटकर ने ग्रांट प्रपोजल तैयार करने की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विभिन्न सरकारी और गैर-सरकारी फंडिंग एजेंसियों की ओर से शोध परियोजनाओं के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाती है। उन्होंने छात्राओं को संबंधित एजेंसी की आवश्यकताओं के अनुसार प्रस्ताव तैयार करने, निर्धारित प्रारूप का पालन करने और समय पर प्रस्ताव प्रस्तुत करने के बारे में बताया।

उन्होंने शोध परियोजना में बजट, उद्देश्य, कार्ययोजना और अपेक्षित परिणामों को प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करने के महत्व की भी जानकारी दी। वक्ताओं ने छात्राओं को अपने आसपास की समस्याओं की पहचान कर नए और उपयोगी शोध विषयों पर काम करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के आयोजन में डॉ. प्रियंका और डॉ. परमेश कुमार ने सहयोग दिया।



