Yamunanagar News | गुरु नानक खालसा कॉलेज के सिमरलीन सिंह ने पास किया UGC NET : पंजाबी विभाग का बढ़ाया मान | शिक्षकों ने दी बधाई

गुरु नानक खालसा कॉलेज के पंजाबी विभाग के विद्यार्थी सिमरलीन सिंह ने यूजीसी नेट परीक्षा उत्तीर्ण कर कॉलेज और विभाग का नाम रोशन किया है। सत्र 2024-26 के विद्यार्थी सिमरलीन सिंह की इस उपलब्धि पर कॉलेज प्रबंधन, प्राचार्य और पंजाबी विभाग के शिक्षकों ने खुशी जताते हुए उन्हें और उनके अभिभावकों को बधाई दी।
कॉलेज के अनुसार सिमरलीन सिंह की सफलता पंजाबी विभाग के लिए गर्व का विषय है। विभाग ने उनकी उपलब्धि को विद्यार्थी की मेहनत और शिक्षकों के मार्गदर्शन का परिणाम बताया। कॉलेज का कहना है कि इस सफलता से अन्य विद्यार्थियों को भी उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अरविंदर सिंह भल्ला ने कॉलेज प्रबंधन और पूरे स्टाफ की ओर से सिमरलीन सिंह तथा उनके अभिभावकों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की मेहनत और शिक्षकों का सही मार्गदर्शन शैक्षणिक उपलब्धियों का आधार बनता है।
डॉ. भल्ला ने पंजाबी विभाग के शिक्षकों के प्रयासों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ विभिन्न प्रतियोगी एवं पात्रता परीक्षाओं के लिए आगे बढ़ने और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए लगातार प्रोत्साहित किया जाता है।
पंजाबी विभाग ने भी सिमरलीन सिंह की उपलब्धि पर प्रसन्नता जताई। शिक्षकों ने कहा कि यूजीसी नेट जैसी परीक्षा में सफलता हासिल करना विद्यार्थी की नियमित मेहनत और विषय की अच्छी तैयारी को दर्शाता है। उनकी सफलता विभाग के दूसरे विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणादायक है।
इस अवसर पर अंग्रेजी विभागाध्यक्ष डॉ. कैथरीन मसीह, हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. विनय चंदेल, पंजाबी विभागाध्यक्ष डॉ. तिलक राज, असिस्टेंट प्रोफेसर अमृतपाल सिंह और असिस्टेंट प्रोफेसर सुनील नागरा मौजूद रहे। सभी ने सिमरलीन सिंह को उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
कॉलेज के अध्यक्ष सरदार रणदीप सिंह जौहर ने भी सिमरलीन सिंह और पंजाबी विभाग के स्टाफ को बधाई दी। उन्होंने भविष्य में भी विद्यार्थियों और विभाग की ओर से इसी तरह की शैक्षणिक उपलब्धियां हासिल करने की कामना की।
कॉलेज प्रबंधन ने कहा कि विद्यार्थियों की ऐसी उपलब्धियों से संस्थान में शैक्षणिक वातावरण को और मजबूती मिलती है। इसके साथ ही दूसरे विद्यार्थियों में भी उच्च शिक्षा, शोध और प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रति रुचि बढ़ती है।
Editor: शिवानी राजपूत



