Faridabad News | निगम अधिकारी के खिलाफ 2 अक्टूबर से आंदोलन का ऐलान : तिलपत से होगी शुरुआत | निलंबन-FIR की मांग

नगर निगम के सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर ओमबीर सिंह की पूर्वांचल एवं बिहारी समाज को लेकर कथित टिप्पणी का विरोध तेज हो गया है। रविवार को डबुआ कॉलोनी स्थित भोजपुरी अवधी समाज के प्रांगण में आयोजित महापंचायत में पूर्व विधायक नीरज शर्मा ने 2 अक्टूबर से बड़ा आंदोलन शुरू करने का ऐलान किया। आयोजकों के अनुसार आंदोलन की शुरुआत गांव तिलपत स्थित बाबा सूरदास मंदिर से की जाएगी और अधिकारी के निलंबन, एफआईआर दर्ज करने तथा सार्वजनिक माफी की मांग उठाई जाएगी।
महापंचायत में पूर्वांचल एवं बिहारी समाज के लोगों के साथ विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़े प्रतिनिधि शामिल हुए। आयोजकों ने दावा किया कि महापंचायत में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर नगर निगम अधिकारी की कथित टिप्पणी पर विरोध दर्ज कराया। वक्ताओं ने कहा कि फरीदाबाद के सामाजिक और आर्थिक विकास में पूर्वांचल समाज की महत्वपूर्ण भागीदारी रही है और किसी भी वर्ग को लेकर आपत्तिजनक भाषा स्वीकार नहीं की जा सकती।

महापंचायत को संबोधित करते हुए फरीदाबाद एनआईटी के पूर्व विधायक नीरज शर्मा ने कहा कि पूर्वांचल और बिहारी समाज के लोग वर्षों से अपनी मेहनत के जरिए फरीदाबाद के विकास में योगदान दे रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि समाज को लेकर की गई कथित टिप्पणी से लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं और इस मामले में कार्रवाई होनी चाहिए।
नीरज शर्मा ने महापंचायत में मौजूद लोगों के सामने 2 अक्टूबर से आंदोलन शुरू करने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि समाज की सहमति और एकजुटता के साथ गांधी जयंती के दिन गांव तिलपत स्थित बाबा सूरदास मंदिर से आंदोलन की शुरुआत की जाएगी। उन्होंने आंदोलन को शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ाने की बात कही।
महापंचायत में नगर निगम अधिकारी ओमबीर सिंह को निलंबित करने की मांग प्रमुखता से उठाई गई। इसके साथ ही संबंधित अधिकारी के खिलाफ कानून के तहत एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई करने और पूर्वांचल एवं बिहारी समाज से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग भी रखी गई।
आयोजकों के अनुसार महापंचायत में इन मांगों को लेकर आंदोलन जारी रखने पर सहमति बनी। पूर्व विधायक नीरज शर्मा ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा। हालांकि संबंधित अधिकारी पर लगाए गए आरोपों और कथित टिप्पणी के संबंध में उनका पक्ष इस प्रेस नोट में उपलब्ध नहीं कराया गया है।
इस मामले को लेकर इससे पहले भी विभिन्न सामाजिक संगठनों और पूर्वांचल समाज के प्रतिनिधियों की ओर से विरोध दर्ज कराया जा चुका है। पूर्व विधायक नीरज शर्मा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल पुलिस आयुक्त, उपायुक्त और नगर निगम आयुक्त को ज्ञापन देकर अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर चुका है।
महापंचायत के दौरान वक्ताओं ने कहा कि किसी भी क्षेत्र या समुदाय के लोगों के सम्मान को ठेस पहुंचाने वाली भाषा का विरोध किया जाएगा। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कराने और जांच के आधार पर उचित कार्रवाई करने की मांग की।
नीरज शर्मा ने कहा कि 2 अक्टूबर को प्रस्तावित आंदोलन के माध्यम से अपनी मांगें प्रशासन और सरकार के सामने रखी जाएंगी। आंदोलन की शुरुआत के लिए तिलपत स्थित बाबा सूरदास मंदिर को चुना गया है। उन्होंने समाज के लोगों से शांतिपूर्ण और संगठित तरीके से अपनी बात रखने का आह्वान किया।
महापंचायत में उप महापौर मुकेश शर्मा, भोजपुरी अवधी समाज के अध्यक्ष रघुवर दयाल, संयोजक रमाकांत तिवारी, एनआईटी ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अरुण सिंह, पूर्व पार्षद दयाशंकर गिरी, पूर्व पार्षद दीपक चौधरी, सुदेश डागर, रामरेखा यादव, मधुसूदन झा, ज्ञानेन्द्र यादव, विपिन बिहारी यादव, प्रभु झा, अमित शर्मा और मुकेश गिरी सहित विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
इसके अलावा बेचू गिरी, त्रिभुवन, लाल सिंह, राजकुमार यादव, दीपक शुक्ला, संतोष कौशिक, दामोदर तथा पटेल सभा के पदाधिकारियों सहित पूर्वांचल समाज और क्षेत्र के अन्य लोग उपस्थित रहे। महापंचायत में वक्ताओं ने आगामी आंदोलन को लेकर लोगों से एकजुट रहने की अपील की।
अब इस मामले में प्रशासन की ओर से उठाए जाने वाले कदमों पर नजर रहेगी। फिलहाल महापंचायत की ओर से 2 अक्टूबर से आंदोलन शुरू करने की घोषणा की गई है, जबकि अधिकारी के खिलाफ लगाए गए आरोपों की आधिकारिक जांच और प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर अंतिम स्थिति सामने आना बाकी है



