Satnali News | 39 साल की सेवा के बाद मुख्य शिक्षिका प्रेमलता सेवानिवृत्त : नावां स्कूल में हुआ विदाई समारोह | पगड़ी-स्मृति चिह्न देकर सम्मान | विद्यार्थियों ने दी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

सतनाली। राजकीय कन्या प्राथमिक पाठशाला नावां में सोमवार को मुख्य शिक्षिका प्रेमलता के सेवानिवृत्त होने पर सम्मान एवं विदाई समारोह आयोजित किया गया। शिक्षा विभाग में 39 वर्षों की सेवा पूरी करने के बाद सेवानिवृत्त हुई प्रेमलता को शिक्षकों, विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने भावभीनी विदाई दी।
समारोह में प्रेमलता को पगड़ी पहनाकर, माला और स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। वक्ताओं ने उनके लंबे सेवाकाल की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने निष्ठा और समर्पण के साथ विद्यार्थियों को शिक्षा देने और उनका भविष्य संवारने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
डीईईओ शक्तिपाल ने कहा कि शिक्षक का योगदान केवल विद्यालय तक सीमित नहीं रहता, बल्कि वह कई पीढ़ियों के भविष्य के निर्माण में अहम भूमिका निभाता है। उन्होंने प्रेमलता के 39 वर्षों के सेवाकाल को शिक्षा के प्रति समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा का प्रेरणादायी उदाहरण बताया।
जिला पार्षद वार्ड नंबर-1 योगी वचनाई नाथ ने भी प्रेमलता की सेवाओं की सराहना की और उनके स्वस्थ एवं सुखद भविष्य की कामना की। समारोह के दौरान विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर अपनी प्रतिभा दिखाई।
प्रधानाचार्य स्वतंत्र कुमार ने कहा कि सरकारी सेवा से सेवानिवृत्ति के बाद भी शिक्षक का समाज और शिक्षा के प्रति योगदान बना रहता है। उन्होंने प्रेमलता के सेवाकाल को याद करते हुए उनके आगामी जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम का मंच संचालन प्रवक्ता वीरेंद्र सिंह शेखावत और मुख्य अध्यापक होशियार सिंह ने किया। समारोह में सरपंच राजेंद्र प्रसाद, पूर्व सरपंच कृष्ण सिंह तंवर, योगेश शास्त्री डिगरोता, मायानाथ, समाजसेवी फकीरचंद, बाबा समताई गौशाला प्रधान बिजेंद्र गोपालवास और कप्तान शुभराम सहित विद्यालय स्टाफ एवं ग्रामीण मौजूद रहे।
समारोह के अंत में विद्यालय परिवार और ग्रामीणों ने प्रेमलता के शिक्षा के क्षेत्र में दिए गए योगदान को याद करते हुए उन्हें सम्मानपूर्वक विदाई दी और उनके आगामी जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं।



