Yamunanagar News | छात्राओं ने पेश किए स्टार्ट-अप आइडिया : 14 टीमों ने लिया भाग | अमृत कौर-सोनल की टीम प्रथम

डीएवी गर्ल्स कॉलेज में छात्राओं के बीच नवाचार, रचनात्मकता, समस्या-समाधान और उद्यमशीलता की भावना विकसित करने के उद्देश्य से अंतर-संस्थागत स्टार्ट-अप प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल और परिसर नवाचार एवं उद्भवन केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित प्रतियोगिता में विभिन्न विभागों की छात्राओं ने दैनिक जीवन और समाज से जुड़ी समस्याओं के समाधान पर आधारित अपने अभिनव व्यावसायिक विचार प्रस्तुत किए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता आईआईसी की उपाध्यक्ष डॉ. सुनीता कौशिक और कनवीनर विवेक ने की। प्रतियोगिता में कंप्यूटर साइंस, कला, वाणिज्य और विज्ञान विभाग की कुल 14 टीमों ने हिस्सा लिया। छात्राओं ने अपने स्टार्ट-अप आइडिया के माध्यम से यह बताने का प्रयास किया कि किस तरह नए विचारों को व्यावसायिक मॉडल में बदलकर आम लोगों की समस्याओं का समाधान किया जा सकता है।

प्रतियोगिता के दौरान छात्राओं ने नागरिक समस्याओं के समाधान के लिए मंच तैयार करने, पशु बचाव सेवा शुरू करने, आंवला एवं एलोवेरा जूस निर्माण, पौष्टिक टिफिन सेवा और ग्राहकों की पसंद के अनुसार उपहार पैकेज तैयार करने जैसे विचार प्रस्तुत किए। इसके अलावा कृषि आधारित उत्पादों, जैविक त्वचा देखभाल, ऑनलाइन फैशन व्यवसाय और जैविक खाद निर्माण से संबंधित स्टार्ट-अप आइडिया भी पेश किए गए।
आयोजकों के मुताबिक प्रतियोगिता का उद्देश्य केवल नए व्यावसायिक विचार प्रस्तुत करना नहीं, बल्कि छात्राओं को अपने विचारों की व्यवहारिक उपयोगिता और भविष्य की संभावनाओं के बारे में सोचने के लिए प्रेरित करना भी रहा। प्रतिभागियों ने निर्णायक मंडल के सामने अपने स्टार्ट-अप मॉडल और उससे संबंधित संभावनाओं को प्रस्तुत किया।

प्रतिभागी टीमों का मूल्यांकन नवाचार, रचनात्मकता, व्यवहार्यता, समस्या-समाधान क्षमता, व्यावसायिक संभावनाओं और प्रस्तुतीकरण कौशल के आधार पर किया गया। छात्राओं ने अपने विचारों के माध्यम से सामाजिक जरूरतों के साथ स्वरोजगार और उद्यमिता की संभावनाओं को भी सामने रखा।
निर्णायक मंडल में इनोवेशन एंबेसडर ममता थापर, इनोवेशन एंबेसडर वैशाली और अमृतांश सोल्यूशन, अंबाला के संस्थापक मुकुल गुजराल शामिल रहे। निर्णायकों ने प्रतिभागी छात्राओं के स्टार्ट-अप विचारों का मूल्यांकन करने के साथ उनके नवाचारों की सराहना की।
निर्णायकों ने छात्राओं को अपने विचारों को केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रखने, बल्कि उन्हें व्यावहारिक रूप देने की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विभिन्न स्टार्ट-अप आइडिया को और बेहतर बनाने तथा उनकी व्यवहार्यता बढ़ाने से संबंधित सुझाव भी दिए।
प्रतियोगिता में एमए अंग्रेजी अंतिम वर्ष की छात्राओं अमृत कौर और सोनल की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं बीएससी बायोटेक प्रथम वर्ष की छात्रा अक्षी ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। विजेता प्रतिभागियों के स्टार्ट-अप विचारों और प्रस्तुतीकरण को निर्णायक मंडल ने सराहा।
कॉलेज में आयोजित इस प्रतियोगिता के माध्यम से छात्राओं को अपनी रचनात्मक सोच और उद्यमशीलता से जुड़े विचारों को प्रस्तुत करने के लिए मंच मिला। साथ ही उन्हें विशेषज्ञों से अपने विचारों पर सुझाव प्राप्त करने का अवसर भी मिला।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में डॉ. परमेश कुमार, जसमीत कौर और शैली चौहान ने योगदान दिया। आयोजकों ने कहा कि इस तरह की गतिविधियां छात्राओं को नवाचार और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करती हैं।



